चंद माह में ही उखड़ने लगी लेबर कॉलोनी में बनी सड़क, गुणवत्ता को अधिकारियों ने दी हरी झंडी

चंद माह में ही उखड़ने लगी लेबर कॉलोनी में बनी सड़क, गुणवत्ता को अधिकारियों ने दी हरी झंडी

औपचारिकता के लिए सड़क की माप तोल करने का आरोप

फिरोजाबाद। शहर के विभिन्न वार्ड में नगर निगम द्वारा करोड़ों रुपए की धनराशि से निर्माण कार्य कराए जा रहें हैं। नगर निगम द्वारा कराए जा रहे विकास कार्यों में ठेकेदार मानक के विपरीत कार्य कर मनमानी कर रहे हैं वही निगम के अधिकारी मानकों की अनदेखी कर चुप्पी साधे बैठे हैं।लेबर कॉलोनी क्षेत्र में करीब एक माह पूर्व बनी नवनिर्मित सड़क इस बात की गवाही दे रही हैं ऐसा नहीं है कि इस धांधली में केवल ठेकेदार शामिल हो विभागीय अधिकारियों के बगैर मानक के विपरीत सड़क बनाकर ठेकेदार गड़बड़ी नहीं कर सकता।

करीब 1 माह पूर्व नगर निगम द्वारा वार्ड नंबर-48 लेबर कॉलोनी में बिहार बस्ती में रईसुद्दीन की दुकान से पप्पू गैस तक एवं संगीता देवी,आमिद खां व शकील की गलियों में नाली तथा सीसी सड़क का निर्माण कार्य किया गया था। यह टेंडर 950130 लाख रुपए का हुआ। उक्त गली में नई सड़क बनने के कुछ ही दिन बाद उसकी हालत खराब हो गई। सड़क में जगह-जगह पानी भरने लगा है और छोटे छोटे गड्ढे हो गए। ठेकेदार ने सड़क को बिना खोदें ही बना दिया जबकि सड़क को खोद कर बनाया जाना चाहिए था जिससे की बरसात का पानी जमीन के अंदर जा सकें। ठेकेदार ने उल्टा सीधा निर्माण कार्य कर खानापूर्ति कर दी और नगर निगम के द्वारा आनन फानन में ठेकेदार को पेमेंट कर दिया गया।

नगर निगम द्वारा शहर में जितने भी सड़क या टोल बिछाए जा रहे हैं जो इस उद्देश्य बिछाए जा रहे हैं ताकि बारिश का पानी जमीन के अंदर जाए क्योंकि नीचे डाबरीकरण है और उसको खोदा नहीं गया,तो ऐसे में सवाल उठता है कि क्या यह मानकों के अनुरूप इस गली में सडक़ का निर्माण कार्य हुआ है,अन्यथा जो उद्देश्य है सड़क या टोल बिछाने का क्या वह पूरा होगा? क्या सड़क का पानी जमीन के अंदर जाएगा?यह शासन के निर्देशों और मानकों से सीधा सीधा खिलवाड़ है जिसमें कहीं संबंधित अधिकारी का भी संरक्षण प्राप्त तो नहीं है,अथवा इस स्तर पर मनमानी ठेकेदार अकेले नहीं कर सकता ऐसा क्षेत्रीय लोगों ने बताया।

लेबर कॉलोनी में होली से पहले नाली एवं सीसी सड़क निर्माण कार्य के दौरान मानक बोर्ड नहीं लगाया गया था,सिर्फ साइड में रख दिया गया था। निर्माण पूर्ण होने पर होली के बाद मानक बोर्ड गली के बाहर लगाया गया था बोर्ड में कार्य का मानक जीएसबी 10 सीएम,सी.सी.10 और अनुमानित लागत 8.63 लाख रुपए अंकित हैं जबकि टेंडर 950130 लाख का हुआ हैं। मानक बोर्ड पर सड़क की लम्बाई 180 मीटर दर्शाई गई हैं जबकि नगर निगम के ऐस्टीमेट में लंबाई 160 मीटर हैं। जबकि सड़क 160 मीटर से कुछ कम ही बनी हैं। तथा सड़क की चौड़ाई भी बोर्ड पर निर्धारित मीटर से कुछ कम सेंटीमीटर हैं।

स्थानीय लोगों की मानें तो मानक बोर्ड पर जो मानक अंकित किए गए हैं। उसके अनुसार ना तो सड़क इतनी लंबी है और ना ही चौड़ी है,तो फिर अधिकारियों ने किस मानक से इस सड़क को स्वीकृत करके आनन-फानन में इसका भुगतान कर दिया आखिरकार इसके पीछे कुछ तो खेल हैं।लेबर कॉलोनी के बाशिंदों ने बताया कि गत माह पूर्व ठेकेदार ने गली में नाली तथा सड़क निर्माण कार्य कराया था। निर्माण के कुछ दिन बाद ही सड़क कुछ जगह से चटक गई। साथ ही कुछ स्थानों पर पानी भी जमा होने लगा है साथ ही नाली भी सही ढंग से नहीं बनी है। ठेकेदार सरकारी धन को अपनी जेबों में भर रहे हैं।क्षेत्रीय लोगों का आरोप है कि जो नगर निगम के संबंधित अधिकारियों द्वारा निर्माण कार्य पूर्ण होने के बाद माप तोल की गई है,वह केवल औपचारिकता निभाई गई हैं।

गली में रहने वाले 75 वर्षीय हबीब ने बताया कि गली में बनाई गई नवनिर्मित सड़क समतल ना होकर ऊंची नीची बनी हैं। कुछ दिनों पहले ही सडक़ का निर्माण हुआ हैं। नई सडक़ पर कुछ स्थानों पर पानी जमा होने लगा हैं। ठेकेदार ने सड़क बनाने में जरा सा भी ध्यान नहीं दिया जिससे पानी नालियों में जा सके और ब्रेकर भी नहीं बने।गली में परचून की दुकान चलाने वाले जलालुद्दीन ने बताया नई सड़क का हाल सही नहीं है। सड़क बनने से पहले ही उखड़ गई है। सड़क ऊंची नीची हैं। कई जगह गड्ढे और टूट गई हैं। ठेकेदार द्वारा गली में बनाई गई सड़क मानकों के हिसाब से नहीं बनी हैं।

स्थानीय दुकानदार सर्वेश शर्मा का कहना है कि ठेकेदार ने गली में नाली सड़क बना का खानापूर्ति कर दिया। लगता नहीं है कि सड़क के निर्माण कार्य में साढ़े 900000 रुपए लगे होंगे। निर्माण कार्य में घटिया निर्माण सामग्री का प्रयोग किया गया है। मेरी दुकान के सामने बना गटर का ढक्कन टूट गया हैं। हाल ही में गली में बनी नई सडक़ उखडऩे लगी हैं। सडक़ में बीच-बीच में गड्ढे हो गए हैं,पानी भी भरने लगा है। बरसात में क्या हाल होगा। मेरी दुकान के पास नाली नहीं बनाई गई हैं। मैंने अपने आप गड्ढा खोदकर नाली में पानी की निकासी के लिए पाइप लाइन डाली हैं। कोई भी अधिकारी सड़क की गुणवत्ता की जांच करने नहीं आया।

गली में रहने वाली मुन्नी ने बताया नई सड़क ऊंची नीची बना दी गई हैं। घर के दरवाजे पर पानी भर जाएगा। पार्षद पति ने हमारी नहीं सुनी। गली में उल्टी-सीधी सड़क और नाली बनवा दी गई हैं। सड़क की हालत बहुत खराब है। गड्ढे पड़ गए हैं।रेहाना का कहना है गली में बनी सड़क काफी ऊंची कर दी गई है जिससे हमारे घर के बाहर पानी भर जाएगा करेंगा।स्थानीय निवासी राहुल गुप्ता का कहना है कि सड़क की गुणवत्ता सही नहीं है। कुछ दिनों में ही सड़क की हालत खराब हो गई।

इंनसेट—

“जहां नगर निगम के पुराने कई ठेकेदारों के लाखों रुपए बकाया होने के कारण नगर निगम में ठेकेदारों को धरना देना पड़ रहा है। वहीं दूसरी ओर कुछ ठेकेदारों के वर्तमान में काम पूर्ण होने के साथ ही उनका भुगतान कर दिया जा रहा है। यही नहीं कार्य की गुणवत्ता का भी आकलन ठीक से किए बिना ही उसका भुगतान हो जाता हैं।”

 

वर्जन——-

“लेबर कॉलोनी गली में बनी सड़क का निरीक्षण किया जाएगा।अगर गुणवत्ता खराब है,तो तत्काल ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और गुणवत्ता सही कराई जाएगी।”- ए.के. पांडे,अधिशासी अभियंता निर्माण विभाग नगर निगम फिरोजाबाद।

Share