गोदाम से सिगरेट चुराने वाला गैंग पकड़ा गया

गोदाम से सिगरेट चुराने वाला गैंग पकड़ा गया

नई दिल्ली। आनंद इंडस्ट्रियल एरिया स्थित सिगरेट के गोदाम से कार्टून चुराने वाले गैंग का साहिबाबाद पुलिस ने पर्दाफाश किया है। इस मामले में पुलिस ने दो चोर और छह खरीददारों समेत आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया। जिनके कब्जे से गोदाम से चुराए गए सिगरेट के कार्टून, 7.85 लाख रुपए कैश, दो कार, ठेली और दीवार काटने के औजार बरामद किए हैं। पुलिस का कहना है कि ब्रांडेड कंपनी की बरामद सिगरेट की कीमत 5 लाख रुपए से अधिक की बताई गई है। पुलिस गैंग में शामिल अन्य लोगों को भी ट्रेस करने का प्रयास कर रही है।

एसपी सिटी सेकेंड ज्ञानेन्द्र सिंह ने बताया कि आनंद इंडस्ट्रियल एरिया में सिगरेट कंपनी का गोदाम है। जहां बीती 22 सितम्बर को चोरी की घटना हुई थी। इस घटना में चोर दीवार में सेंधमारी कर लाखों रुपए की सिगरेट के कार्टून चोरी कर ले गए थे। गोदाम मालिक की शिकायत साहिबाबाद थाने में केस दर्ज किया गया था। जिसके बाद से पुलिस चोरों की तलाश में जुटी थी। इसी क्रम में 8 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। जबकि उनके अन्य साथी अभी फरार हैं। पकड़े गए आरोपियों में समीर, आमिर, लक्ष्य गर्ग, बबलू सक्सैना, नसीम, मुकेश कुमार, पवन और नीरज कटारिया शामिल हैं। एसपी सिटी का कहना है कि समीर और आमिर चोर हैं। जबकि पकड़े गए अन्य आरोपी चोरी की सिगरेट खरीदने वाले लोग हैं।

पहली चोरी में नहीं पकड़े गए तो फिर कर ली चोरी
एसपी सिटी सेकेंड ज्ञानेन्द्र सिंह ने बताया कि पकड़े गए समीर और आमिर का दोस्त सोनू और सोनू के दो साथी भी चोरी की घटना में शामिल थे। आरोपियों ने करीब ढाई माह पूर्व भी उक्त सिगरेट गोदाम में चोरी की थी। लाखों का माल चुराने के बाद भी आरोपी पकड़े नहीं गए थे। जिसका फायदा उठाकर आरोपी 22 सितम्बर को भी गोदाम में चोरी की वारदात कर फरार हो गए। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि पूर्व में चोरी किया गया माल भी उन्होंने पकड़े गए कारोबारियों को ही बेचा था। पुलिस की मानें तो कारोबारी चुराए गए माल को आधे दामों में खरीदकर मोटा मुनाफा कमाते थे। बरामद कार में चोरी का माल रखकर ले जाते थे।

सेंध लगाने में लगे 5 दिन, 4 दिन बाद चोरी का पता चला
एसएचओ साहिबाबाद नागेन्द्र चौबे की मानें तो आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि उन्हें गोदाम की दीवार में सेंधमारी करने में पांच दिन का वक्त लगा। जिसके बाद वह 22 सितम्बर को वहां चोरी करने में कामयाब हो सके। एसएचओ ने बताया कि 22 सितम्बर को हुई चोरी की घटना के बारे में गोदाम के कर्मचारियों को भी 4 दिन बाद पता चला। उन्होंने टूटी दीवार से आ रही रोशनी को देखा तो चोरी होने का पता चल सका। एसएचओ चौबे का कहना है कि फरार सोनू और उसका एक साथी गोदाम में घुसा था। सोनू और उसके दोस्तों को तलाशा जा रहा है।

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