कृषि कानूनों को रद्द करने पर सहमति पर किसानों ने बडी जीत मानते हुए जश्न मनाया

कृषि कानूनों को रद्द करने पर सहमति पर किसानों ने बडी जीत मानते हुए जश्न मनाया

सिरसा। लोकसभा व राज्यसभा में कृषि कानूनों को रद्द करने पर सहमति पर किसानों ने इसे बडी जीत मानते हुए देर शाम शहर के सुभाष चौक पर भारतीय किसान एकता के प्रदेशाध्यक्ष लखविंद्र सिंह की अगुवाई में जश्न मनाया। ट्रैक्टर पर सवार होकर किसान सुभाष चौक पर पहुंचे, पटाखें बजाकर एक दूसरे को मुंह मिठा करवाकर जीत को जश्न के रूप में सेलिब्रेट किया। इस मौके पर लखविंद्र सिंह ने कहा कि पिछले करीब एक साल में किसानों की ऐसी लडाई लडी, जिसका जिक्र देश के इतिहास में स्वर्णिम अक्षरों से होगा।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसानी क्षेत्र को भी पूंजीपतियों के हवाले करने का मन बनाते हुए कृषि कानून लागू किए थे और किसानों ने एक साल पहले इसके खिलाफ आंदोलन का बिगुल बजाया था। किसानों को रोकने के लिए सरकार ने तमाम हथकंडे अपनाए लेकिन मोदी सरकार को हर हाल में झुकना पडा। सरकार अगर यह कानून पहले ही वापिस ले लेती तो 700 से ज्यादा किसानों की शहादत नहीं होती। लखविंद्र सिंह ने कहा कि किसानों का आंदोलन तब तक जारी रहेगा, जब तक एमएसपी गांरटी कानून नहीं बनता व अन्य मांगे पूरी नहीं होती।

इस मौके पर दि आढतियान एसोसिएशन सिरसा के प्रधान हरदीप सरकारिया, सचिव कश्मीर कंबोज, उप प्रधान सुधीर ललित, जट भाईचारा एसोसिएशन के प्रधान कुलवंत सिंह, सचिव सुखजिंद्र सिंह, भारतीय किसान एकता के महासचिव गुरप्रीत गिल, सचिव गुरमीत नकोडा, उप प्रधान अरविंद्र, सिरसा प्रधान निहाल, सचिव बलजिंद्र सिंह, राज्य कार्यकारिणी सदस्य दलजीत चहल, रविंद्र गिल सहित अनेक गणमान्य लोग मौजूद थे।

Share