मुख्यमंत्री ने किया फिरोजाबाद का दौरा: स्वास्थ्य सेवाओं का जाना हाल,मृतकों के परिजनों से मिले

मुख्यमंत्री ने किया फिरोजाबाद का दौरा: स्वास्थ्य सेवाओं का जाना हाल,मृतकों के परिजनों से मिले

फिरोजाबाद। जिले में वायरल बुखार से चार दिन में 46 मरीजों की मौत हो चुकी है। इस पर मुख्यमंत्री ने सोमवार को फिरोजाबाद का दौरा किया। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अफसरों को मरीजों का उचित इलाज करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को फिरोजाबाद का दौरा किया। उन्होंने राजकीय मेडिकल कॉलेज में स्वास्थ्य सेवाओं का हाल जाना। इसके बाद वह उन क्षेत्रों में गए,जहां वायरल बुखार से मरीजों की मौत हुई है। इस दौरान मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिजनों से मुलाकात की। मरीजों का हाल जाना।

मुख्यमंत्री का हेलीकॉप्टर तय कार्यक्रम के अनुसार फिरोजाबाद पुलिस लाइन में उतरा। यहां प्रभारी मंत्री और स्थानीय विधायक ने उनका स्वागत किया। थोड़ी देर यहां रुकने के बाद मुख्यमंत्री फिरोजाबाद मेडिकल कॉलेज के लिए रवाना हो गए। मुख्यमंत्री दोपहर 1.33 बजे मेडिकल कॉलेज पहुंचे।

मुख्यमंत्री योगी करीब एक घंटा से ज्यादा वक्त तक मेडिकल कॉलेज में रहे। इस दौरान उन्होंने सभी वार्डों में जाकर स्वास्थ्य सेवाओं की हकीकत जानी। यहां भर्ती मरीजों से बातचीत की। उन्हें मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी ली। उन्होंने डेंगू से पीड़ित बच्चा अनुज पुत्र पुनेंद्र शर्मा से बात कर उसे दुलार किया और खाने को फल दिए।

चल रहे इलाज के संबंध में वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ.एल.के.गुप्ता से जानकारी प्राप्त की और निर्देशित किया कि वह बच्चों का बेहतर उपचार व उनके स्वास्थ्य का नियमित परीक्षण करते रहें। इसके बाद मुख्यमंत्री ने मेडिकल कॉलेज में ही जनप्रतिनिधियों व नगर विकास,स्वास्थ्य सचिव,मंडलायुक्त आगरा मण्डल आगरा,आईजी जोन आगरा,जिलाधिकारी,मुख्य विकास अधिकारी, प्राचार्या मेडिकल काॅलेज,मुख्य चिकित्साधिकारी सहित प्रदेश स्तरीय व मंडलीय अधिकारियों के साथ बैठक कर उन्हें जल्द डेंगू व वायरल बुखार पर नियंत्रण पाने के लिए आवश्यक दिशा निर्देश दिए।

उन्होंने स्वास्थ्य विभाग व नगर विकास विभाग के अधिकारियों पर नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि जिलाधिकारी फिरोजाबाद के द्वारा निरंतर दिनांक 20, 23, 27 अगस्त को पत्र लिखे जाने के बाद भी उनका संज्ञान क्यों नही लिया गया गया और समय से मुख्य चिकित्साधिकारी द्वारा शासन को अवगत क्यों नही कराया गया।

मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य सचिव को निर्देश दिए कि स्वास्थ्य व शिक्षा एवं स्थानीय मेडिकल टीम के साथ संयुक्त रूप से जांचकर पता लगाऐं कि डेंगू के अलावा मृत्यु होने का अन्य कोई कारण तो नही है। पीडित मरीजों के ब्लड़ सैम्पल लेकर पीजीआई लखनऊ को भिजवाया जाए। उन्होंने ब्लड बैंक की जानकारी लेते हुए कहा कि कैम्प लगाकर ब्लड डोनेट कराया जाऐं,इसके लिए स्थानीय जनप्रतिनधियों का भी पूरा सहयोग लिया जाए।

किसी भी मरीज की प्लेटलेट्स कम होने पर तुरंत ब्लड चडाया जाऐं और इलाज में कोई कोताई न बरती जाए। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि कोविड-19 हाॅस्पीटल को डेेलीगेटेड आइसोलेशन वार्ड के रूप में संचालित किया जाए। उन्होने निर्देश कि स्वच्छता का विशेष अभियान चलाकर गली,मोहल्लों व शहर को स्वच्छ बनाया जाए और निरंतर फोगिंग व एण्टीलार्वा का छिड़काव किया जाए। जनपद में संचारी रोगों से बचने के लिए जन जागरूकता अभियान भी चलाया जाए।

मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य सचिव को निर्देश दिए कि वह जनपद में तत्काल 15 सीनियर पैरा मेडिकल स्टाफ,नर्सिंग स्टाफ तैनात कराएं और एम्बुलेंस की संख्या भी बडाई जाए। उन्होने कहा कि डेंगू व वायरल बुखार से ग्रसित मरीजों को अलग-अलग वार्ड में भर्ती रखा जाए। बैठक के दौरान उन्होंने नगर विकास सचिव को निर्देश दिए कि वह नगर निगम में रिक्त अधिकारियों के पद पर तैनाती सहित मैनपावर और बड़ाई जाए।

मेडिकल कॉलेज के बाद मुख्यमंत्री सुदामा नगर पहुंचे। यहां बुखार से मरने वाले बच्चों के परिजनों से मिले।उन्हें हर संभव मदद का भरोसा दिलाया। बता दें कि फिरोजाबाद शहर की नई आबादी वाले इलाकों में इन दिनों वायरल बुखार एवं डेंगू का प्रकोप फैला हुआ है। चार दिन में 46 मरीज दम तोड़ चुके हैं।

Share