बिज़नेस

ये है सरकारी क्षेत्र की बीमा कंपनियां

भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी)
भारतीय जीवन बीमा निगम को बीमा अधिनियम, 1956 नामक संसद के अधिनियम द्वारा 243 कंपनियों के विलय से 1 सितम्ब र, 1956 को निगमित किया गया था। एलआईसी बीमा अधिनियम, 1938, एलआईसी अधिनियम, 1956, एलआईसी विनियमन, 1956, और बीमा विनियामक और विकास प्राधिकरण अधिनियम, 1999 द्वारा शासि‍त होती है। 31 मार्च, 2016 की स्थिति के अनुसार, भारत में एलआईसी के क्षेत्रीय कार्यालय, 113 डिवीजनल कार्यालय, 2048 शाखा कार्यालय, 73 ग्राहक क्षेत्र, 1401 सैटेलाइट कार्यालय और 1240 छोटे कार्यालय हैं।

निगम के फिजी में,मॉरीशस में और यूनाइटेड किंगडम में शाखा कार्यालय हैं। यह विदेशी बीमा बाजार जैसे मनामा (बहरीन में पंजीकृत) जीवन बीमा निगम (अंतर्राष्ट्री य) बी.एस.सी.(सी), नैरोबी में पंजीकृत केनइंडिया एश्‍योरेंस कंपनी लिमिटेड; काठमाण्डूम में पंजीकृत लाइफ इंश्योररेंस कार्पोरेशन (लंका) और रियाद में पंजीकृत सऊदी इंडियन कंपनी फॉर कारपोरेटिव इंश्योनरेंस (एसआईसीसीआई) में संयुक्तक उद्यम (जेवी) कंपनियों द्वारा भी परिचालित की जाती हैं। एलआईसी ने भारतीय जीवन बीमा निगम, स्ट्रैंटेजिक इक्विटी मैंनेजमेंट लिमिटेड और म्यूीचुअल ट्रस्टर बैंक लिमिटेड के मध्य दिनांक 14.12.2015 को बांग्ला देश लिमिटेड की संयुक्त‍ उद्यम कंपनी भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) भी बनाया है। पूर्ण स्वांमित्वे वाली सहायक जीवन बीमा निगम (सिंगापुर) प्राइवेट लिमिटेड की स्थाहपना दिनांक 30.04.2012 को की गई है। उपर्युक्तय में से दो संयुक्तल उद्यम (जेवी), केनइंडिया एश्यो।रेंस कंपनी लिमिटेड, नैरोबी, केन्याउ और सऊदी इंडियन कंपनी फॉर को-ऑपरेटिव इंश्यो2रेंस (एसआईसीसीआई),रियाद, किंगडम ऑफ सऊदी अरब संयुक्तन कंपनी हैं जो जीवन और गैर-जीवन व्यइवसाय का संचालन करती हैं; और दो जेवी, एलआईसी (नेपाल) लिमिटेड और एसआईसीसीआई उनके संबंधित स्टॉाक एक्स चेंज पर सूचीबद्ध हैं।

भारतीय साधारण बीमा निगम
साधारण बीमा उद्योग 1972 में राष्ट्री यकृत किया गया था और 107 बीमाकर्ता चार कंपनियों – नेशनल इंश्यो रेंस कंपनी लिमिटेड, दि-न्यू इंडिया एश्यो रेंस कंपनी लिमिटेड, दि ओरियंटल इंश्योेरेंस कंपनी लिमिटेड, और यूनाइटेड इंडिया इंश्योेरेंस कंपनी लिमिटेड में समूहीकृत और एकीकृत किए गए थे। जीआईसी वर्ष 1972 में निगमित की गई थी और अन्ये चार कंपनी इसकी सहायक कंपनियां बनायी गयी थीं। नवंबर 2000 में जीआईसी को भारतीय पुनर्बीमाकर्ता के रूप में अधिसूचित किया गया था और इसकी सहायक कंपनियों पर इसकी पर्यवेक्षी के रूप में भूमिका का अंत कर दिया गया था। 21 मार्च 2003 से, जीआईसी की इसके सहायक कम्पानियों पर होल्डिंग की भूमिका को भी समाप्त कर दिया गया था और इसका स्वारमित्व भारत सरकार को स्थामनांतरित कर दिया गया था। निगम का प्रधान कार्यालय मुम्ब्ई में है और 3 संपर्क कार्यालय भारत में (दिल्लीन, कोलकाता और चैन्न ई) हैं, 3 शाखाएं विदेश में (लंदन, दुबई और कुआलालमपुर) हैं और 1 प्रतिनिधि कार्यालय मास्कोत में है। इसकी दो विदेशी सहायक कम्प(नियां (जीआईसी रे साउथ अफ्रीका और जीआईसी रे इंडिया कारपोरेट मेम्ब र लिमिटेड यू.के. में) भी हैं। 31.03.2016 की स्थिति के अनुसार, निगम के कर्मचारियों की संख्यास 558 है। प्राधिकृत पूंजी 1000 करोड़ रूपये है जबकि कंपनी की पेड-अप इक्विटी पूंजी 430 करोड़ रूपये है।

न्यूप इंडिया एश्यो0रेंस कंपनी लिमिटेड
यह कंपनी सर दोराब जी द्वारा 23 जुलाई, 1919 में स्था पित की गई थी और 1973 में भारतीय कंपनियों के विलय से राष्ट्री यकृत की गयी थी। 31.03.2016 की स्थिति के अनुसार, कंपनी के 2329 कार्यालय हैं और 18783 कर्मचारी हैं। यह कंपनी 170 से अधिक उत्पाादों के साथ साधारण बीमा व्यायपार के लगभग सभी खंडों में ग्राहकों को बीमा सेवा उपलब्ध कराती है। कंपनी की प्राधिकृत पूंजी और पेड-अप इक्विटी पूंजी क्रमश: 300 करोड़ रूपये है और 200 करोड़ रूपये है।

यूनाइटेड इंडिया इंश्योवरेंस कंपनी लिमिटेड
यूनाइटेड इंडिया इंश्योयरेंस कंपनी लिमिटेड 1938 में निगमित की गई थी। भारत में साधारण बीमा व्यावसाय के राष्ट्री यकरण के साथ, 12 भारतीय बीमा कंपनियां, 4 कारपोरेटिव इंश्योहरेंस सोसाइटी और 5 विदेशी बीमाकर्ताओं के विदेशी परिचालन, भारतीय जीवन बीमा निगम के दक्षिणी क्षेत्र के साधारण बीमा परिचालन को छोड़कर ये सभी कंपनियां यूनाइटेड इंडिया इंश्योवरेंस कंपनी लिमिटेड के साथ विलय कर दी गई थीं। 31.03.2016 की स्थिति के अनुसार, कंपनी के 2080 कार्यालय और 16345 कर्मचारी हैं। यह कंपनी साधारण बीमा व्याभपार के लगभग सभी खंडों के ग्राहकों को बीमा सेवाएं उपलब्धं कराती है। कंपनी की प्राधिकृत पूंजी और पेड-अप इक्विटी पूंजी क्रमश: 200 करोड़ रूपये है और 150 करोड़ रूपये है।

दि ओरियंटल इंश्योतरेंस कंपनी लिमिटेड
दि ओरियंटल इंश्योपरेंस कंपनी लिमिटेड 1947 में निगमित की गई थी। 2003 में भारतीय साधारण बीमा निगम द्वारा रखे जाने वाले कंपनी के शेयर भारत सरकार को स्थाेनांतरित कर दिए गए थे। 31.03.2016 की स्थिति के अनुसार, देश में कंपनी के 1924 कार्यालय और 13923 कर्मचारी हैं। यह कंपनी साधारण बीमा व्या पार के लगभग सभी खंडों के ग्राहकों को बीमा सेवाएं उपलब्ध9 कराती है। कंपनी की प्राधिकृत पूंजी और पेड-अप इक्विटी पूंजी 200 करोड़ रूपये है।

नेशनल इंश्योारेंस कंपनी लिमिटेड
यह कंपनी 1906 में निगमित की गई थी। राष्ट्री यकरण के बाद यह 21 विदेशी और 11 भारतीय कंपनियों के साथ नेशनल इंश्योिरेंस कंपनी लिमिटेड बनाने के लिए विलय कर दी गई थी। 31.03.2016 की स्थिति के अनुसार, पूरे भारत में इस कंपनी के 1998 कार्यालय और 15079 कर्मचारी हैं। यह कंपनी साधारण बीमा व्याइपार के लगभग सभी खंडों के ग्राहकों को बीमा सेवाएं प्रदान करती है। कंपनी की प्राधिकृत पूंजी और पेड-अप इक्विटी पूंजी क्रमश: 200 करोड़ रूपये है और 100 करोड़ रूपये है।

एग्रीकल्चूर इंश्योवरेंस कंपनी ऑफ इंडिया लिमिटेड
‘एग्रीकल्चकर इंश्यो।रेंस कंपनी ऑफ इंडिया लिमिटेड’ (एआईसी) को 20 दिसम्ब र, 2002 में कंपनी अधिनियम, 1956 के तहत भारत में कृषि और इससे संबंधित गतिविधियां करने वाले उन व्यएक्तियों को बीमा की आवश्य5कता की पूर्ति करने के लिए निगमित किया गया था। भारतीय साधारण बीमा निगम (जीआईसी), नाबार्ड और चार सरकारी क्षेत्र की साधारण बीमा कंपनियों ने कंपनी की शेयर पूंजी में योगदान दिया है। कंपनी की 200 करोड़ रूपये की प्रारम्भिक पेड-अप इक्विटी शेयर पूंजी के साथ प्राधिकृत शेयर पूंजी 1500 करोड़ रूपये है।

कंपनी ने बीमा विनियामक और विकास प्राधिकरण (इरडा) से अनुमोदन प्राप्त होने पर 1 अप्रैल, 2003 से इसके व्यमवसाय परिचालन की शुरूआत कर दी थी। 31 मार्च, 2015 की स्थिति के अनुसार, पूरे देश में इसके कुल कर्मचारियों की संख्याक 274 है। इसका प्रधान कार्यालय नई दिल्ली में है, विभिन्ने राज्योंर की राजधानियों मे 17 क्षेत्रीय कार्यालय और जिला स्त।र पर 3 एक कर्मचारी कार्यालय हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Back to top button